पटना न्यूज डेस्क: पटना में विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) के नियम लागू करने के समर्थन में बुधवार को छात्रों का बड़ा प्रदर्शन देखने को मिला। बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं सड़कों पर उतर आए और लोकभवन तक मार्च शुरू किया। पुलिस ने बैरिकेडिंग कर उन्हें रोकने की कोशिश की, जिससे स्थिति तनावपूर्ण हो गई।
जैसे ही प्रदर्शनकारी गांधी मैदान से आगे बढ़कर जेपी गोलंबर पहुंचे, माहौल बिगड़ गया। कुछ छात्र सड़क पर ही धरने पर बैठ गए और नारेबाजी करने लगे, जबकि कुछ बैरिकेड पार करने की कोशिश करने लगे। पुलिस ने हालात को काबू में रखने के लिए हल्का बल प्रयोग किया और भीड़ को पीछे धकेला, जिससे वहां अफरा-तफरी मच गई।
इस दौरान पुलिस ने 8 प्रदर्शनकारियों को हिरासत में ले लिया, जिनमें अमर आजाद पासवान, गौतम आनंद, अंबुज पटेल, सुबोध कुमार, प्रेम, दीपक, नीरज रजा और अविनाश कुमार शामिल हैं। सभी को कोतवाली थाना ले जाया गया है। इस प्रदर्शन में ऑल इंडिया फोरम फॉर इक्विटी के बैनर तले एसएफआई, भीम सेना और आईसा जैसे संगठनों ने हिस्सा लिया।
प्रदर्शनकारियों की मांग है कि उच्च शिक्षण संस्थानों में भेदभाव रोकने के लिए यूजीसी के नए नियमों को लागू किया जाए, साथ ही एससी, एसटी, ओबीसी और ईबीसी वर्ग के लिए 65 प्रतिशत आरक्षण लागू किया जाए। दरअसल, जनवरी 2026 में यूजीसी ने नए नियम लागू किए थे, जिन्हें लेकर विवाद खड़ा हो गया और मामला सुप्रीम कोर्ट तक पहुंच गया, जहां फिलहाल इन पर अंतरिम रोक लगी हुई है।