पटना न्यूज डेस्क: बिहार की राजधानी पटना में शुक्रवार को सुबह से रुक-रुक कर बारिश होती रही। शाम 5:30 बजे तक शहर में 39 मिमी बारिश दर्ज की गई। लगातार बारिश से मौसम सुहावना रहा और अधिकतम तापमान घटकर 31.8 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया।
मौसम विभाग के अनुसार, मानसूनी ट्रफ फिलहाल अपनी सामान्य स्थिति के आसपास बनी हुई है। बंगाल की खाड़ी से लगातार नमी मिलने के कारण अगले एक सप्ताह तक बिहार के अधिकांश हिस्सों में बारिश का सिलसिला जारी रहने की संभावना है। हालांकि, अगले तीन से चार दिनों में अधिकतम तापमान में हल्की बढ़ोतरी हो सकती है। शनिवार को उत्तर और मध्य बिहार के कई जिलों में गरज-चमक, वज्रपात और 30 से 40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का अनुमान है। वहीं 27 से 29 जुलाई के बीच राज्य में बारिश और तेज होने की संभावना है।
इस बार मानसून का पैटर्न भी बदला हुआ नजर आ रहा है। जहां आमतौर पर सीमांचल, मिथिलांचल और चंपारण में सबसे ज्यादा बारिश होती है, वहीं इस बार दक्षिण और दक्षिण-मध्य बिहार के जिलों में अधिक वर्षा दर्ज की जा रही है। मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि इसकी वजह मानसूनी ट्रफ और स्थानीय मौसम प्रणालियों का सक्रिय होना है।
बारिश को देखते हुए पटना में जलभराव से निपटने के लिए प्रशासन भी अलर्ट है। बारिश शुरू होते ही शहर के सभी 56 ड्रेनेज पंपिंग स्टेशनों को चालू कर दिया गया। बुडको ने सात संवेदनशील पंपिंग स्टेशनों पर रात में भी वरिष्ठ अभियंताओं की तैनाती की है। कंट्रोल रूम से हर घंटे जलनिकासी की निगरानी की जा रही है। बिजली बाधित होने की स्थिति में भी डीजी सेट के जरिए पंप चालू रखे गए, ताकि पानी की निकासी प्रभावित न हो।
मौसम विभाग के अनुसार गया, नवादा, नालंदा, जहानाबाद, पटना, भोजपुर, बक्सर और औरंगाबाद में सामान्य या उससे बेहतर बारिश हुई है। वहीं सीतामढ़ी, सुपौल, अररिया, पूर्णिया, कटिहार, मधुबनी, सहरसा, मधेपुरा, मुजफ्फरपुर और चंपारण जैसे जिलों में अब भी सामान्य से कम वर्षा दर्ज की जा रही है।