पटना न्यूज डेस्क: मानसून के दौरान जलजमाव रोकने के लिए पटना नगर निगम ने गुरुवार को शहर के 10 प्रमुख नालों का विशेष निरीक्षण कराया। इस निरीक्षण का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना था कि नगर आयुक्त यशपाल मीणा द्वारा पूर्व में बताए गए सुधारात्मक निर्देशों का पालन हुआ है या नहीं। निरीक्षण के बाद सभी संबंधित अधिकारियों और अभियंताओं को 24 घंटे के भीतर अपनी विस्तृत रिपोर्ट नगर निगम मुख्यालय में जमा करने के निर्देश दिए गए हैं।
30 जून को आयोजित अंतरविभागीय समीक्षा बैठक में वार्डवार निरीक्षण के दौरान दिए गए निर्देशों के अनुपालन और बड़े नालों की सफाई की प्रगति की समीक्षा की गई थी। इससे पहले 3 जून को सभी प्रमुख नालों की दोबारा गुणवत्तापूर्ण सफाई कराने के आदेश जारी किए गए थे। इसी क्रम में नगर आयुक्त ने मुख्यालय स्तर के अधिकारियों और अभियंताओं को अलग-अलग नालों की जिम्मेदारी सौंपकर विशेष निरीक्षण कराया।
निरीक्षण के दौरान नालों की सफाई, जल प्रवाह, संभावित रुकावटों और संप हाउसों की स्थिति का बारीकी से जायजा लिया गया। नगर निगम ने स्पष्ट किया है कि जहां भी कमियां सामने आएंगी, वहां तत्काल सुधारात्मक कार्रवाई की जाएगी, ताकि बारिश के दौरान शहरवासियों को जलजमाव की समस्या का सामना न करना पड़े।
निरीक्षण के तहत अपर नगर आयुक्त कृष्ण स्वरूप ने बाइपास नाला, अपर नगर आयुक्त बिनय कुमार ने सिटी मोट नाला, उप नगर आयुक्त रामाशीष शरण तिवारी ने सैदपुर नाला, उप नगर आयुक्त जया ने आनंदपुरी नाला, मुख्य नगर अभियंता बिंदु रजक ने कुर्जी (राजीव नगर) नाला, कार्यपालक अभियंता (विद्युत) ने मोहनपुर और नेहरू नगर नाला, पटना सिटी प्रमंडल के कार्यपालक अभियंता रामस्वरूप ने सर्पेंटाइन और बाकरगंज नाला तथा अजीमाबाद प्रमंडल के कार्यपालक अभियंता सुशील कुमार झा ने योगीपुर नाला का निरीक्षण किया।