पटना न्यूज डेस्क: बुधवार की देर रात दिल्ली से पटना जा रही इंडिगो की फ्लाइट (6E-6497) उस समय बड़े हादसे का शिकार होने से बच गई, जब पटना के आसमान में खराब मौसम और भारी हलचल (Turbulence) के कारण विमान की लैंडिंग संभव नहीं हो सकी। इस विमान की कमान पूर्व केंद्रीय मंत्री और भाजपा सांसद राजीव प्रताप रूडी संभाल रहे थे, जो एक प्रशिक्षित कमर्शियल पायलट भी हैं। विमान में 181 यात्री और चालक दल के छह सदस्य सवार थे।
राजीव प्रताप रूडी ने पटना हवाई अड्डे पर उतरने के कई प्रयास किए, लेकिन सुरक्षा मानकों और बेहद खराब मौसम को देखते हुए उन्होंने लैंडिंग को टालने का फैसला किया। शुरुआत में विमान को वाराणसी डायवर्ट करने पर विचार किया गया, लेकिन वहां से ऑपरेशनल क्लीयरेंस न मिलने के कारण अंततः विमान को लखनऊ की ओर मोड़ दिया गया। रात करीब 11 बजे विमान लखनऊ हवाई अड्डे पर सुरक्षित रूप से उतरा, जहां यात्रियों ने राहत की सांस ली।
हिंदुस्तान टाइम्स से विशेष बातचीत में रूडी ने बताया कि पटना के पास पहुंचते ही मौसम अचानक बिगड़ गया और विमान में तेज झटके महसूस होने लगे। उन्होंने कहा, "पायलट के तौर पर हमें मिलीसेकंड में फैसला लेना होता है। हमारी प्राथमिकता यात्रियों की सुरक्षा थी। जब वाराणसी एयरपोर्ट उपलब्ध नहीं था, तो हमने लखनऊ में सुरक्षित लैंडिंग कराई।" लखनऊ में उतरने के बाद रूडी ने यात्रियों से कहा, "अब आप तालियां बजा सकते हैं, हम सुरक्षित उतर चुके हैं," जिसके बाद तनावपूर्ण माहौल तालियों की गड़गड़ाहट और मुस्कुराहट में बदल गया।
लखनऊ में तीन यात्रियों के उतरने के बाद, मौसम साफ होने पर विमान ने गुरुवार रात 12:30 बजे पटना के लिए फिर से उड़ान भरी और तड़के 2:00 बजे सुरक्षित रूप से गंतव्य पर पहुंचा। यात्रियों ने संकट की इस घड़ी में सांसद और पायलट राजीव प्रताप रूडी की सूझबूझ और पेशेवर कौशल की जमकर सराहना की।